सिद्धार्थनगर : पड़ोसी नेपाल के शांति पुनर्स्थापना गृह (पीआरसी) कपिलवस्तु द्वारा कृष्णनगर में वार्षिक सामाजिक लेखा परीक्षण कार्यक्रम संपन्न हुआ, जिसमें बतौर मुख्यातिथि पूर्व मंत्री व विधायक अर्जुन केसी, विशिष्ट अतिथि प्रमुख जिलाधिकारी एवं एसपी (कपिलवस्तु) आदि ने सहभागिता की।
वार्षिक सामाजिक लेखा परीक्षण कार्यक्रम में कपिलवस्तु जिला शाखा के सुपरवाइजर डिल्लीराज तिमिल्सना द्वारा वित्तीय वर्ष 2081/082 में अपने चारों शाखाओं द्वारा किए गए कार्यों परामर्श, बचाव, पारिवारिक पुनर्मिलन और विभिन्न अभियानों, सामाजिक जुड़ाव के कार्यक्रमों तथा बजट की जानकारी दी गई। वित्तीय वर्ष में पीआरसी नेपाल के कपिलवस्तु द्वारा 7539 बालक-किशोरियों आदि को सुरक्षित प्रवासन हेतु परामर्श दिया गया, जबकि 373 लोगों को ह्यूमन ट्रैफिकिंग का शिकार होने से बचाने की जानकारी साझा की गई। जिला सुपरवाइजर ने बताया कि 5 लोगों के खिलाफ मामले भी दर्ज किए गए हैं।
पीआरसी के नेशनल रेस्क्यू को-ऑर्डिनेटर भूमिराज भट्टराई ने बताया कि संस्था कपिलवस्तु जिले में कृष्णनगर, मर्यादपुर, चाकरचौड़ा और चन्द्रौटा संपर्क कार्यालय के माध्यम से कार्य कर रही है।
मुख्यातिथि विधायक अर्जुन केसी ने कार्यक्रम को संबोधित किया
मुख्यातिथि पूर्व मंत्री व विधायक अर्जुन केसी ने कहा कि मानव तस्करी, अपने ही बहन बेटियों का अनसेफ माइग्रेशन कराना घृणित, अमानवीय और गैर कानूनी कृत्य है, इस पर सभी को सचेत रहना होगा।
कार्यक्रम को संबोधित करते सीडीओ जनार्दन गौतम
कपिलवस्तु जिले मुख्य जिला अधिकारी जनार्दन गौतम, पुलिस अधीक्षक संतोष आचार्य, उद्योग वाणिज्य संघ कृष्णनगर के अध्यक्ष रितेश शर्मा, व्यापार संघ के जिलाध्यक्ष महादेव पोखरेल, शिवराज नगरपालिका की उप मेयर शिवकुमारी चौधरी, जिला समन्वय समिति के अध्यक्ष बाबूराम आचार्य, सुशीला वेल्बासे ने भी संबोधित कर मानव तस्करी के प्रभावी रोकथाम के लिए संयुक्त प्रयास को अपरिहार्य बताया।
कार्यक्रम को संबोधित करते एसपी संतोष आचार्य
संचालन संज्ञा अधिकारी ने किया। इस दौरान कृष्णनगर इंस्पेक्टर ईश्वर लौडारी, एपीएफ डीएसपी तुला बहादुर चौधरी, राहुल मोदनवाल, रीता चौधरी, कल्पना क्षेत्री, कृष्ण कुमार गुप्ता, रेनू शर्मा, सीताराम चौधरी आदि मौजूद रहे।




