सिद्धार्थनगर : राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, शोहरतगढ़ नगर की ओर से नौ अक्टूबर को आयोजित पथ संचलन कार्यक्रम में रोड़ा बने सीओ व एसओ पर आखिरकार 24 घंटे के भीतर गाज गिर ही गई। स्वयंसेवकों द्वारा पथ संचलन कार्यक्रम स्थगित करने के मामले का सीएम कार्यालय द्वारा संज्ञान लेते ही प्रशासन हरकत में आया। शनिवार को एडीएम व एसपी ने शोहरतगढ़ थाना परिसर में मामले पर घंटों समीक्षा किया। इसके बाद कार्यवाही का निर्णय लेते हुए दोनों को हटा दिया गया।
दरअसल, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ शताब्दी वर्ष के मौके पर प्रथम चरण के कार्यक्रम के तहत दो से 15 अक्टूबर के बीच एकत्रीकरण/पथ संचलन निकाल रहा है। इस कार्यक्रम को लेकर शोहरतगढ़ नगर में भी तैयारी थी। इसके लिए बकायदा 29 सितंबर को परमिशन लिया गया था। परमिशन के मुताबिक नौ अक्टूबर को श्रीराम जानकी मंदिर परिसर से पथ संचलन निकलना था। इसके लिए स्वयंसेवक सुबह से तैयारी कर रहे थे कि अचानक संचलन निकलने के चंद घंटे पहले एसडीएम शोहरतगढ़ ने परमिशन आदेश बदल दिया। परमिशन बदलने का आदेश सुनते ही स्वयंसेवक आक्रोशित हो उठे। नाराज स्वयंसेवकों ने स्थानीय प्रशासन को दोषी ठहराते हुए संघ के उच्चाधिकारियों से शिकायत किया और संचलन को स्थगित कर दिया। स्वयंसेवकों ने अपने उच्चाधिकारियों से शिकायत में साफ शब्दों में कहा कि संचलन पूर्व से तय मार्ग से ही निकलेगा। स्थानीय प्रशासन रोड़ा बना है। संघ अधिकारियों ने एसओ शोहरतगढ़ संतोष कुमार त्रिपाठी व सीओ पवीन प्रकाश से बात किया, लेकिन वह मानने को तैयार नहीं हुए। प्रशासनिक अधिकारियों ने कहा कि संचलन बदले मार्ग से ही जाएगा। इस पर स्वयंसेवकों की नारागजी को देखते हुए संघ के अधिकारियों ने ऊपर तक मामला पहुंचाया। संघ के करीबियों ने बताया मामले का सीएम कार्यालय ने संज्ञान लिया है। इसके बाद प्रशासन हरकत में आया है और सीओ व एसओ पर गाज गिरी है।
एडीएम व एएसपी की समीक्षा पर हुआ एक्शन
संचलन स्थगित होने की जानकारी का मामला शासन द्वारा संज्ञान लेते ही जिला प्रशासन हरकत में आ गया। शनिवार को एडीएम गौरव श्रीवास्तव व एएसपी प्रशांत कुमार प्रसाद ने शोहरतगढ़ एसडीएम विवेकानंद मिश्र, सीओ पवीन प्रकाश व थानाध्यक्ष संतोष कुमार त्रिपाठी के साथ लगभग दो घंटे बैठक किया। पुलिस करीबियों ने बताया कि दोनों अधिकारियों ने स्थानीय अधिकारियों से पूरे मामले की जानकारी ली। संचलन मार्ग बदलने के संदर्भ में पूछताछ किया और रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेज दिया। रिपोर्ट भेजते ही सीओ पवीन प्रकाश को एसपी कार्यालय अटैच व एसओ संतोष कुमार त्रिपाठी को लाइन हाजिर कर दिया गया है।
इस संबंध में जानकारी के लिए एडिशनल एसपी प्रशांत कुमार प्रसाद के सीयूजी नंबर पर फोन किया गया, पर कई बार रिंग करने के बाद भी नहीं उठा।




