सिद्धार्थनगर : मिश्रौलिया थाना पुलिस, एसओजी एवं सर्विलांस की संयुक्त टीम ने चेतिया नवडिहवा जंगल तिराहा पर फरार चल रहे हत्यारोपी को मुठभेड़ में गिरफ्तार करने में सफलता पाई। मुठभेड़ के दौरान पुलिस की फायरिंग में आरोपी के पैर में गोली लगने से वह गंभीर रुप से घायल हो गया। घायलावस्था में उसे जिला अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया गया।
मिश्रौलिया थाना क्षेत्र के नागचौरी गांव के केवटहिया डीह निवासी गणेश निषाद पुत्र रामकला निषाद एक सप्ताह पूर्व थाने पर लिखित तहरीर दिया था कि वह शाम को क्रिकेट खेल कर वापस आ रहा था कि रास्ते में गांव के मुकेश निषाद पुत्र धर्मराज निषाद ने धारदार चाकू व कट्टे से वार करके उनके पिता रामकला निषाद की हत्या कर दी है। बीच बचाव के दौरान उसने मां और बहन को भी गंभीर रुप से घायल कर फरार हो गया। मां और बेटी का अभी भी बीआरडी मेडिकल कॉलेज गोरखपुर में इलाज चल रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस ने मुकदमा अपराध संख्या 129/2025 की धारा 103(1), 109(1), 140(1), 126(2), 351(3) भारतीय न्याय संहिता-2023 दर्ज कर आरोपी मुकेश निषाद की तलाश में जुटी हुई थी। एसपी डॉ. अभिषेक महाजन ने एडिशनल एसपी प्रशांत कुमार के नेतृत्व में आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कई टीमों का गठन किया था। डीआईजी बस्ती ने मुकेश निषाद पर 30 हजार का इनाम घोषित किया गया था।
बीते शनिवार की रात मुखबिर द्वारा सूचना मिली कि मुकेश निषाद कही भागने की फिराक में है। सूचना के आधार पर एसओजी, मिश्रौलिया पुलिस एवं सर्विलांस की संयुक्त टीम थाना क्षेत्र के नौडिहवा जंगल तिराहा पर चेकिंग लगाई हुई थी। इसी बीच वह बाइक से आता हुआ दिखाई दिया तो उसे पकड़ने का प्रयास किया गया तो उसने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिस द्वारा की गई जवाबी फायरिंग में उसके पैर में गोली लगी और उसे गिरफ्तार कर लिया गया। इलाज के लिए उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। उसके पास से एक 315 बोर का अवैध तमंचा, एक जिंदा कारतूस, एक खोखा कारतूस, हत्या में प्रयुक्त दो चाकू एवं चोरी की एक बाइक बरामद किया गया। गिरफ्तारी व बरामदगी के आधार पर मुकेश निषाद पर मुकदमा अपराध संख्या 132/2025 की धारा 109(1) बीएनएस व 5/27(1), 3/4/25 आयुध अधिनियम दर्ज किया गया।
पहले से ही दर्ज हैं कई गंभीर मुकदमें
मुकेश निषाद पुत्र धर्मराज निषाद के खिलाफ मिश्रौलिया थाने के मुकदमा अपराध संख्या 164/2022 की धारा 304, 323, 504, 506 सहित मिश्रौलिया थाने में ही मुकदमा अपराध संख्या 75/2024 धारा की 115(2), 351(3), 352 बीएनएस व 3(1)द,ध व 3(2) 5ए एसएसी/एसटी एक्ट दर्ज है।
पुलिस टीम में ये रहे शामिल
गिरफ्तार करने वाली टीम में मिश्रौलिया थानाध्यक्ष एसआई नारायण लाल श्रीवास्तव, एसओजी प्रभारी एसआई जीवन त्रिपाठी, सर्विलांस सेल प्रभारी एसआई हरेंद्र चौहान, एसआई संतोष कुमार यादव, एसआई बबुना यादव, हेड कांस्टेबल राजीव शुक्ला, मनोज राय, दिलीप कुमार, आशुतोष धर दूबे, राकेश कुमार, उमेश यादव, जनार्दन प्रजापति, विवेक मिश्रा, पुष्पेंद्र गौतम, कांस्टेबल वीरेंद्र तिवारी, रोहित चौहान, सत्येंद्र यादव, छविराज यादव, सुकेश कुमार शाह, अरविंद यादव, अभिनंदन सिंह, संजीव कुमार आदि शामिल रहे।
पुलिस टीम को मिला 55 हजार का नगद इनाम
डीआईजी बस्ती ने मुकेश निषाद पर 30 हजार का इनाम घोषित किया गया था। उसकी गिरफ्तारी के बाद पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक महाजन ने पुलिस टीम को 25 हजार रुपए का नगद पुरस्कार देकर सम्मानित किया। इस तरह पुलिस टीम को 55 हजार रुपए का नगद इनाम दिया गया।
मुकेश निषाद का कबूलनामा
मुकेश निषाद ने पूछताछ में बताया कि उसक अपने गांव के ही गणेश निषाद की बहन से प्रेम संबंध था। जिससे वह उससे बात करती थी, लेकिन उसके मुंबई जाने के बाद उसने बात करना छोड़ दिया था। मै प्रेमिका से मिलना व बात करना चाह रहा था लेकिन उसके घर वाले विरोध करने लगे। जिससे उसका प्रेमिका के घर वालों से झगड़ा हो गया। इसी बीच उसने चाकू से गणेश व उसके माता-पिता और प्रेमिका पर जानलेवा हमला कर दिया। मौके पर ही गणेश के पिता रामकला की मौत हो गई। वह मौके से फरार हो गया था। घटना में प्रयुक्त चाकू व पहने हुए कपड़े को गांव से दूर झाड़ी में छिपा दिया था तथा बाइक को बस्ती जिले के एक चाय की दुकान पर रखकर चला गया था। उसे पता चला कि घटना में प्रयुक्त चाकू को पुलिस ढूंढ रही है तथा फिंगर प्रिंट करा सकती है जिससे वह फंस सकता है, इसलिए लखनऊ से ट्रेन से टिकट लेकर वह बस्ती आया और वहाँ से बाइक से मिश्रौलिया क्षेत्र में छिपाये गये चाकू और कपड़ा वाले स्थान पर आया तथा उसको बाइक की डिग्गी में रखकर भाग रहा था कि पुलिस को देखकर उसने फायर कर दिया। पुलिस की जवाबी फायरिंग में गोली लगने से वह घायल होकर गिर गया तथा पकड़ा गया।




