‘हाड़ा’ विकास सिंह
सिद्धार्थनगर : जनपद के मोहाना थाना क्षेत्र में रविवार सुबह तीन किशोरियों के एक साथ लापता होने से क्षेत्र में हड़कंप मच गया। घटना के बाद परिजनों में चिंता का माहौल है, जबकि पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए चार विशेष टीमों का गठन कर खोजबीन तेज कर दी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, थाना मोहाना क्षेत्र के शिवपति नगर टोला महगूचक निवासी राकेश रावत की पुत्रियां चांदनी रावत (14 वर्ष) एवं अंजलि रावत (17 वर्ष) तथा उनकी भांजी खुशी रावत (15 वर्ष) पुत्री दीपक प्रसाद, निवासी डफालीपुर, रविवार सुबह लगभग चार बजे शौच के लिए घर से निकली थीं। काफी समय बीत जाने के बाद भी जब तीनों वापस नहीं लौटीं, तो परिजनों ने आसपास के खेतों, बागों और संभावित स्थानों पर उनकी तलाश शुरू की।
कई घंटों तक खोजबीन के बावजूद कोई सुराग नहीं मिलने पर परिजनों ने मामले की सूचना मोहाना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस तत्काल हरकत में आ गई और थानाध्यक्ष जितेंद्र सिंह के नेतृत्व में चार अलग-अलग टीमों का गठन कर खोज अभियान शुरू कर दिया गया।
पुलिस की टीमें आसपास के गांवों, बाजारों, बस स्टैंडों, रेलवे स्टेशनों तथा अन्य संभावित स्थानों पर लगातार जांच-पड़ताल कर रही हैं। इसके साथ ही क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है ताकि किशोरियों की गतिविधियों से संबंधित कोई महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त हो सके। पुलिस ने आसपास के जनपदों को भी आवश्यक सूचना भेजते हुए सतर्क किया है।
घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घर पर रिश्तेदारों और ग्रामीणों की भीड़ जुटी हुई है। परिजन बेटियों की सकुशल वापसी की प्रार्थना कर रहे हैं, जबकि स्थानीय लोग भी अपने स्तर पर उनकी तलाश में सहयोग कर रहे हैं।
ग्रामीणों के अनुसार क्षेत्र में इस प्रकार की घटना पहली बार सामने आई है, जिससे लोगों में चिंता और असुरक्षा की भावना बढ़ गई है। हालांकि पुलिस की त्वरित कार्रवाई से परिजनों और ग्रामीणों को उम्मीद है कि जल्द ही कोई सकारात्मक सूचना प्राप्त होगी।
फिलहाल तीनों किशोरियों का कोई पता नहीं चल सका है। पुलिस की खोजबीन जारी है और पूरे क्षेत्र की निगाहें उनकी सुरक्षित बरामदगी पर टिकी हुई हैं।
थानाध्यक्ष जितेंद्र सिंह ने बताया कि मामले की जांच सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर की जा रही है। उन्होंने कहा कि किशोरियों की सुरक्षित बरामदगी पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है और गठित टीमें लगातार क्षेत्र में सक्रिय हैं। प्राप्त होने वाली प्रत्येक सूचना का सत्यापन किया जा रहा है तथा किसी भी संभावना को नजरअंदाज नहीं किया जा रहा है।





